Close Menu
Kartala TimesKartala Times
    What's Hot

    पोषण पुनर्वास केंद्र बना नन्हे आकाश के लिए नई उम्मीद, कुपोषण को हराकर लौटी मुस्कान

    29/09/2026

    कोरबा विकासखंड की भाषण-चित्रकला प्रतियोगिता कल

    29/09/2026

    मुकुटधर पाण्डेय महाविद्यालय में युवाओं ने ली नशा मुक्ति की शपथ

    29/09/2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Tuesday, September 29
    Kartala TimesKartala Times
    Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
    • होम
    • देश – विदेश
    • छत्तीसगढ़
      • करतला
    • मनोरंजन
    • राजनीति
    • लाइफस्टाइल
    • खेल
    • उद्योग
    • अन्य
    Kartala TimesKartala Times
    Home»देश - विदेश»Uproar over UGC Rules : UP में सांसदों को भेजीं गईं चूड़ियां, केंद्र ने दी सफाई
    देश - विदेश

    Uproar over UGC Rules : UP में सांसदों को भेजीं गईं चूड़ियां, केंद्र ने दी सफाई

    Santosh RajakBy Santosh Rajak27/01/2026No Comments3 Mins Read
    Share Facebook Twitter Copy Link Telegram WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter Copy Link Telegram WhatsApp

    नई दिल्ली/लखनऊ | विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) द्वारा जारी ‘समता विनियम 2026’ (Promotion of Equity Regulations 2026) को लेकर देशभर में सवर्ण समाज और जनरल कैटेगरी के छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा है। दिल्ली में यूजीसी मुख्यालय के बाहर भारी विरोध प्रदर्शन और घेराव को देखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी गई है। वहीं उत्तर प्रदेश के कई जिलों में प्रदर्शनकारियों ने सवर्ण सांसदों और विधायकों को चूड़ियां भेजकर अपना विरोध दर्ज कराया है।

    बढ़ते विवाद को देखते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने मंगलवार को बयान जारी कर आश्वस्त किया है कि ये नियम संविधान के दायरे में हैं और इनका दुरुपयोग नहीं होने दिया जाएगा।

    Bhishma Ashtami 2026 : भीष्म अष्टमी 2026 महत्व गलत विधि से पूजा करने पर नहीं मिलता पुण्य फल

    मामले की मुख्य बातें :

    • दिल्ली में प्रदर्शन: यूजीसी हेडक्वार्टर के बाहर भारी सुरक्षा और बैरिकेडिंग; छात्रों ने की नियम वापस लेने की मांग।

    • राजनीतिक हलचल: यूपी में बीजेपी के कई पदाधिकारियों ने इस्तीफा दिया; सवर्ण सांसदों को ‘चूड़ियां’ भेजकर किया विरोध।

    • नियमों का विरोध: प्रदर्शनकारियों ने इसे ‘काला कानून’ बताया; कहा- इससे सवर्ण छात्रों को झूठे मामलों में फंसाया जा सकता है।

    • सरकार की सफाई: शिक्षा मंत्रालय ने कहा- “किसी के साथ भेदभाव नहीं होगा, कानून का मिसयूज रोकने की जिम्मेदारी हमारी।”

    क्यों हो रहा है विरोध? (विवाद की 4 बड़ी वजहें)

    प्रदर्शनकारी छात्रों और सवर्ण संगठनों का आरोप है कि 13 जनवरी 2026 को अधिसूचित नए नियम ‘भेदभावपूर्ण’ हैं:

    1. झूठी शिकायतों पर सजा का प्रावधान नहीं: पहले के ड्राफ्ट में ‘झूठी शिकायत’ करने पर दंड का प्रावधान था, जिसे अंतिम नियमों से हटा दिया गया है।

    2. सबूत का बोझ आरोपी पर: प्रदर्शनकारियों का दावा है कि इन नियमों में ‘Presumption of Guilt’ (दोषी मान लेने की प्रवृत्ति) है, जिससे निर्दोष छात्रों का करियर बर्बाद हो सकता है।

    3. सिर्फ आरक्षित वर्ग के लिए समिति: इक्विटी कमेटी में सवर्ण वर्ग के प्रतिनिधित्व को लेकर आशंकाएं हैं।

    4. कड़े दंड: नियमों का पालन न करने पर विश्वविद्यालयों की मान्यता रद्द करने या ग्रांट रोकने जैसे सख्त प्रावधान हैं।

    यूपी में बढ़ा सियासी पारा

    उत्तर प्रदेश में इस कानून की गूंज सबसे ज्यादा है। रायबरेली, आगरा और मेरठ जैसे शहरों में सवर्ण समाज ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। आगरा में एक बीजेपी नेता ने प्रधानमंत्री को खून से पत्र लिखकर कानून वापस लेने की मांग की। कई जगहों पर बीजेपी के स्थानीय पदाधिकारियों ने इसे ‘आत्मसम्मान के खिलाफ’ बताकर इस्तीफे दे दिए हैं।

    सरकार का पक्ष: “यह सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में हुआ”

    विवाद बढ़ता देख शिक्षा मंत्री ने स्पष्ट किया कि ये नियम रोहित वेमुला और पायल तड़वी जैसे मामलों के बाद सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत बनाए गए हैं।

    “मैं आश्वस्त करता हूँ कि किसी का उत्पीड़न नहीं होगा। भेदभाव के नाम पर कानून का दुरुपयोग करने का अधिकार किसी को नहीं होगा। सब कुछ संविधान की परिधि में होगा।” — धर्मेंद्र प्रधान, केंद्रीय शिक्षा मंत्री

    ताजा स्थिति

    दिल्ली पुलिस ने यूजीसी कार्यालय के आसपास धारा 144 जैसे कड़े प्रतिबंध लगा दिए हैं। प्रदर्शनकारी छात्र संगठन 15 दिनों के भीतर इन नियमों में संशोधन की मांग पर अड़े हुए हैं, अन्यथा आंदोलन को और तेज करने की चेतावनी दी गई है।




    Share. Facebook Twitter Telegram Copy Link WhatsApp
    Previous ArticleChhattisgarh Crime News : फेसबुक से शुरू हुआ प्रेमजाल, रेलकर्मी पर दुष्कर्म का आरोप; गर्भवती होते ही फरार
    Next Article Redmi Turbo 5 Max : 8000mAh बैटरी और 100W चार्जिंग के साथ मैदान में उतरा रेडमी, गेमर्स के लिए नया ‘पावरहाउस’
    Santosh Rajak

    Related Posts

    देश - विदेश

    भारत और अमेरिका के बीच अखिरकार व्यापार समझौते (ट्रेड डील) पर सहमति बन गई.अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील का ऐलान कियापीएम मोदी ने खुशी का किया इजहार,

    03/02/2026
    देश - विदेश

    कॉन्फिडेंट ग्रुप के चेयरमैन CJ Roy की आत्महत्या, IT रेड के बीच उठाया खौफनाक कदम

    31/01/2026
    देश - विदेश

    SC/ST Act High Court Verdict : SC/ST एक्ट पर अहम टिप्पणी हाईकोर्ट ने निचली अदालत की सजा की निरस्त

    31/01/2026
    अन्य

    मध्य क्षेत्रीय परिषद की बैठक में छत्तीसगढ़, मध्यप्रदेश, उत्तरप्रदेश, उत्तराखंड और केंद्र सरकार के वरिष्ठ अधिकारियों के बीच मंथन.

    30/01/2026
    अन्य

    उदंती-सीतानदी में दिखा दुनिया का सबसे तेज़ उड़ने वाला पक्षी पेरेग्रीन फाल्कन.

    30/01/2026
    छत्तीसगढ़

    नियद नेल्लानार योजना से बस्तर के 400 से अधिक गांव हुए आबाद : मुख्यमंत्री श्री साय.

    30/01/2026
    Editors Picks

    पोषण पुनर्वास केंद्र बना नन्हे आकाश के लिए नई उम्मीद, कुपोषण को हराकर लौटी मुस्कान

    29/09/2026

    कोरबा विकासखंड की भाषण-चित्रकला प्रतियोगिता कल

    29/09/2026

    मुकुटधर पाण्डेय महाविद्यालय में युवाओं ने ली नशा मुक्ति की शपथ

    29/09/2026

    सेवा यात्रा बाइक रैली कल पहुंचेगी भैंसमा और पसान, छात्रों को बांटेंगे कॉपी-पेन

    29/09/2026
    Follow For More
    • YouTube
    • WhatsApp
    Kartala Times Logo
    • रजगामार रोड, जिला जेल के पास, रिस्दी, कोरबा, छत्तीसगढ़

    Email : kartalatimes2026@gmail.com
    Contact : 9343587696

    करतला टाइम्स वेब पोर्टल कोरबा जिले के करतला ब्लॉक के नाम से है। यह प्लेटफार्म जिले की समसामयिक घटनाओं और महत्वपूर्ण समाचारों के साथ-साथ देश-प्रदेश की प्रमुख खबरें और छत्तीसगढ़ शासन की योजनाओं को भी प्रमुखता से प्रकाशित करता है। पाठक यहां 24×7 ताजगी और सटीकता के साथ समाचार प्राप्त कर सकते हैं।

    करतला टाइम्स अपने पाठकों की राय और सूचनाओं के लिए हमेशा खुला है। आप अपनी खबरें और सूचनाएं साझा कर सकते हैं। आपकी गोपनीयता की पूर्ण सुरक्षा का आश्वासन दिया जाता है।

    पोर्टल प्रबंधन

    • संपादक : जगदीश पुरी
    © 2026 Kartala Times. Designed by Nimble Technology.
    • Home
    • About Us
    • Contact Us
    • Pro Letter
    • Privacy Policy
    • Disclaimer
    • Terms and Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.